उत्तराखंड में 101 साल का रिकॉर्ड टूटा, भारी बारिश से मचा हाहाकार!

उत्तराखंड में मानसून की तबाही: 101 साल का रिकॉर्ड टूटा, भारी बारिश से हाहाकार!

उत्तराखंड में इस समय मानसून का कहर देखने को मिल रहा है! देहरादून और नैनीताल सहित पूरे राज्य में भारी बारिश ने तबाही मचा दी है। इस बार तो मानों प्रकृति ने अपना रौद्र रूप दिखा दिया है। हाल ही में हुई मूसलाधार बारिश ने पिछले 101 सालों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। क्या है इस उत्तराखंड बारिश की कहानी, और क्या है मौसम विभाग का पूर्वानुमान, आइए जानते हैं।

देहरादून में बारिश का कहर:

देहरादून शहर में तो मानों आफत आ गई! सहस्रधारा क्षेत्र में पिछले 24 घंटों में 264.0 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो कि सामान्य से बहुत अधिक है। इससे पहले, 1924 में 212.6 मिमी बारिश का रिकॉर्ड बना था। यह Uttarakhand Rain Record वाकई में डरावना है। बारिश की वजह से कई इलाकों में बाढ़ जैसी स्थिति बन गई है। लोगों को 2013 की केदारनाथ त्रासदी की याद आ गई।

बारिश का प्रभाव**:

देहरादून के बाद सबसे अधिक प्रभावित मालदेवता रहा, जहां 149.0 मिमी बारिश हुई। कालसी में 119.5 मिमी और नैनीताल में 105.0 मिमी बारिश दर्ज की गई। पूरे राज्य में देहरादून में औसत बारिश 66.7 मिमी दर्ज की गई, जो सामान्य से 1136 प्रतिशत अधिक है। इस भारी बारिश के कारण सड़कों पर पानी भर गया है, भूस्खलन की घटनाएं सामने आ रही हैं, और नदियां उफान पर हैं। जनजीवन पूरी तरह से अस्त-व्यस्त हो गया है।

भारी बारिश का कारण**:

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, इस भारी बारिश का मुख्य कारण है ईस्टरली और वेस्टरली वेदर सिस्टम का मिलना। ये दोनों वेदर सिस्टम जब एक-दूसरे से टकराते हैं, तो मूसलाधार बारिश होती है। मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक, सीएम तोमर ने बताया कि यह वेदर सिस्टम मानसून के दौरान आमतौर पर सक्रिय रहता है, लेकिन 15 और 16 सितंबर को इसका प्रभाव बहुत अधिक देखने को मिला।

मौसम विभाग का पूर्वानुमान**:

मौसम विभाग ने देहरादून और नैनीताल में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग का कहना है कि मानसून की विदाई में अभी देरी हो सकती है। आमतौर पर, सितंबर के आखिरी दिनों में मानसून विदा होता है, लेकिन इस बार बारिश का दौर लंबा खिंच सकता है। 22 सितंबर तक राज्य भर में हल्की से मध्यम बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। Uttarakhand Weather को देखते हुए प्रशासन ने अलर्ट जारी किया है और लोगों से सतर्क रहने और अनावश्यक रूप से घरों से बाहर न निकलने की अपील की है।

उत्तराखंड में बारिश और बाढ़ से प्रभावित लोगों के लिए हमारी संवेदनाएं हैं। हम सभी को प्रकृति के इस प्रकोप का सामना करने के लिए तैयार रहना चाहिए और मौसम विभाग द्वारा जारी किए गए निर्देशों का पालन करना चाहिए। Uttarakhand Disaster से निपटने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। Uttarakhand News के लिए बने रहें!

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top