पाकिस्तान में इमरान खान की गिरफ्तारी: बेटों ने उठाई आवाज, जताई सुरक्षा की चिंता!
पाकिस्तान में इमरान खान की गिरफ्तारी के बाद तनाव बढ़ता जा रहा है। पूर्व प्रधानमंत्री की बहनें अदालत और जेल के चक्कर लगा रही हैं, जबकि समर्थक सड़कों पर विरोध कर रहे हैं। शहबाज शरीफ सरकार, जनरल आसिम मुनीर के समर्थन से, इमरान खान की स्थिति पर चुप है। तीन सप्ताह से किसी को उनसे मिलने की अनुमति नहीं मिली है, जिससे हालात और गंभीर हो गए हैं। लंदन में रहने वाले इमरान खान के बेटे, सुलेमान और कासिम, पहली बार खुलकर सामने आए हैं और उन्होंने अपने पिता की सुरक्षा को लेकर चिंता व्यक्त की है। यह पाकिस्तान की राजनीति में एक महत्वपूर्ण मोड़ है, जहां इमरान खान की गिरफ्तारी ने हलचल मचा दी है। पाकिस्तान के राजनीतिक भविष्य पर इसका गहरा प्रभाव पड़ सकता है। इमरान खान की रिहाई के लिए उनके समर्थक लगातार प्रयास कर रहे हैं।
छोटे बेटे कासिम ने शहबाज सरकार पर उठाए गंभीर सवाल
इमरान खान के छोटे बेटे कासिम ने X पर एक भावुक पोस्ट में पूछा है कि उनके पिता कहां हैं। उन्होंने शहबाज सरकार पर गंभीर सवाल उठाए और दुनिया भर की सरकारों एवं मानवाधिकार संगठनों से हस्तक्षेप की मांग की। कासिम ने कहा कि सरकार को इमरान खान के सुरक्षित होने का सबूत पेश करना चाहिए ताकि उनकी हत्या से जुड़ी अफवाहों पर विराम लगे। इमरान के बेटे पहले कभी इस तरह सामने नहीं आए थे, लेकिन इस बार मुलाकात न होने और रहस्यमय चुप्पी ने उन्हें बोलने पर मजबूर कर दिया है। पीटीआई के प्रवक्ता अब्दुल समद याक़ूब का कहना है कि इमरान के बेटों को पहले भी चेतावनी दी जाती रही है कि पाकिस्तान आने पर उनकी जान को खतरा हो सकता है या उन्हें गिरफ्तार किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि देश में लगातार हो रही आतंकी गतिविधियों और इमरान के परिवार पर बढ़ते दबाव को देखते हुए बेटों का यहां आना सुरक्षित नहीं है। याकूब के अनुसार, यदि वे पाकिस्तान पहुंचे, तो उन्हें पकड़कर इमरान खान पर अतिरिक्त दबाव बनाने की कोशिश की जा सकती है।
पाकिस्तान में विपक्षी नेताओं के साथ ऐसे व्यवहार का चलन बन चुका है
इमरान खान के वकील फैसल चौधरी ने भी हालात को चिंताजनक बताते हुए कहा कि विपक्षी नेताओं के साथ ऐसे व्यवहार का चलन बन चुका है, जिसे तुरंत बदलने की जरूरत है। उन्होंने बताया कि जेल प्रशासन के अनुसार इमरान खान ठीक हैं, लेकिन परिवार और लीगल टीम को उनसे मिलने नहीं दिया जा रहा है। सामान्य तौर पर मंगलवार को परिवार और गुरुवार को पार्टी नेताओं को मिलने का समय मिलता है, लेकिन पिछले कई हफ्तों से किसी को इजाजत नहीं दी गई। उन्होंने कहा कि अब राहत सिर्फ अदालत से मिल सकती है, हालांकि अभी तक न्यायपालिका से भी कोई ठोस आदेश नहीं आया है। पाकिस्तान में इमरान समर्थकों में गुस्सा उबल रहा है, वहीं दूसरी तरफ सेना प्रमुख आसिम मुनीर के प्रभाव में चल रही सरकार उनकी चिंताओं को हल्के में ले रही है। इससे इमरान के समर्थक और उनके बेटे बेहद नाराज़ हैं और अब उन्हें जेल से बाहर निकालने के मिशन में सक्रिय हो गए हैं। छोटे बेटे कासिम ने X पर लिखा कि उनके पिता को 845 दिन से बंद रखा गया है और पिछले छह हफ्तों से उन्हें एकांत “डेथ सेल” में रखा गया है, जहां न मुलाकात की अनुमति है, न किसी तरह का संपर्क। उनके अनुसार यह सब जानबूझकर किया जा रहा है, न कि सुरक्षा नियमों के तहत। इमरान खान के समर्थक और उनके परिवार के सदस्य, उनकी सुरक्षा और रिहाई के लिए हर संभव प्रयास कर रहे हैं।
