बिहार विधानसभा चुनाव: नए सर्वे में नीतीश कुमार को मिल रहा है फायदा, जदयू को सीटों का अनुमान
बिहार विधानसभा चुनाव की तैयारियां ज़ोरों पर हैं। चुनाव आयोग नवंबर में चुनाव कराने के लिए तैयार है, और राजनीतिक दल भी अपनी कमर कस चुके हैं। हाल ही में एक सर्वे आया था, जिसमें नेता प्रतिपक्ष, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से आगे दिखाई दे रहे थे। लेकिन अब नए JVC पोल सर्वे के अनुसार, नीतीश कुमार को फायदा हो रहा है। सर्वे में यह भी बताया गया है कि जनता दल (यूनाइटेड) यानी जदयू को 53 सीटें मिलने का अनुमान है, जबकि पिछले विधानसभा चुनाव में जदयू को केवल 43 सीटें ही मिली थीं।
इस सर्वे में नीतीश कुमार को अब बिहार के लोगों की पहली पसंद बताया जा रहा है। नीतीश को सबसे लोकप्रिय मुख्यमंत्री उम्मीदवार माना गया है। सर्वे के अनुसार, भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) को इस बार 71 सीटें मिलने का अनुमान है, और जदयू को 53 सीटें मिलने का अनुमान है। वहीं, राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के 74 सीटों पर सिमटने का अनुमान है। यह सर्वे बिहार के राजनीतिक परिदृश्य में एक महत्वपूर्ण मोड़ ला सकता है। बिहार चुनाव के परिणाम नीतीश कुमार और उनकी पार्टी के लिए निर्णायक साबित हो सकते हैं।
इस सर्वे पर प्रतिक्रिया देते हुए, कांग्रेस नेता अभय दुबे ने बताया कि क्यों बिहार में जनता का मूड महागठबंधन की तरफ है। अभय दुबे ने आरोप लगाया कि बिहार में बेटियों की ‘आयुष्मान भारत’ के नाम पर कोख का सौदा हो रहा है। उन्होंने कहा कि बिहार में 10 भर्ती और प्रवेश परीक्षा के स्कैम हुए हैं, जहां 80-80 लाख में पेपर बेचे जाते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि जो लोग पेपर खरीदने से वंचित रह जाते हैं, उनके लिए डिग्री का सौदा होता है। उन्होंने यह भी दावा किया कि डिग्री बेची जा रही है और इसका खुलासा स्टिंग ऑपरेशन में हुआ है। इन आरोपों ने बिहार की राजनीति में गर्माहट ला दी है और चुनाव के नतीजों पर इसका असर देखने को मिल सकता है। बिहार की जनता किसके साथ जाएगी, यह देखना दिलचस्प होगा। यह चुनाव बिहार के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण है और सभी राजनीतिक पार्टियां अपनी पूरी ताकत झोंक रही हैं।
