आज का पंचांग: 3 अक्टूबर 2025 – एकादशी, शुभ मुहूर्त और ग्रहों की स्थिति
नमस्ते दोस्तों! आज हम बात करेंगे 3 अक्टूबर 2025, दिन शुक्रवार के पंचांग के बारे में। आज एकादशी तिथि है, जो भगवान विष्णु की आराधना के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। यदि आप एकादशी व्रत रखते हैं, तो आपको भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी का आशीर्वाद प्राप्त होगा, जिससे आपके जीवन में धन, सुख-समृद्धि और आध्यात्मिक उन्नति आएगी। तो चलिए, आज के शुभ दिन के शुभ मुहूर्त, योग और अन्य महत्वपूर्ण जानकारी के बारे में जानते हैं। आज की तिथि, नक्षत्र, योग, करण और ग्रहों की स्थिति के बारे में विस्तार से जानकारी प्राप्त करने के लिए यह लेख पूरा पढ़ें।
दिशा शूल, नक्षत्र, योग और करण:
आज दक्षिण दिशा शूल है, इसलिए इस दिशा में यात्रा करने से बचें। आज उत्तराषाढ़ा नक्षत्र रहेगा, जिसके बाद सुबह 9 बजकर 13 मिनट से श्रवण नक्षत्र प्रारंभ होगा। योग सुकर्मा और धृति रहेंगे, जो शुभ फलदायी हैं। करण की बात करें तो तैतिल, गर और वणिज रहेंगे। दिन शुक्रवार है और पक्ष शुक्ल रहेगा।
सूर्योदय, चंद्रोदय, सूर्यास्त और चंद्रास्त:
आज सूर्योदय सुबह 06:15 पर होगा, जबकि सूर्यास्त शाम 06:06 पर होगा। चंद्रोदय शाम 03:09 पर होगा और चंद्रास्त 03 अक्टूबर को सुबह 01:56 पर होगा।
आज का शुभ समय:
ब्रह्म मुहूर्त: 04:38 ए एम से 05:26 ए एम
प्रातः सन्ध्या: 05:02 ए एम से 06:15 ए एम
अभिजीत मुहूर्त: 11:46 ए एम से 12:34 पी एम
विजय मुहूर्त: 02:09 पी एम से 02:56 पी एम
गोधूलि मुहूर्त: 06:06 पी एम से 06:30 पी एम
सायाह्न सन्ध्या: 06:06 पी एम से 07:19 पी एम
अमृत काल: 11:01 पी एम से 12:38 ए एम, अगले दिन तक
निशिता मुहूर्त: 11:46 पी एम से 12:35 ए एम, अगले दिन तक
रवि योग: पूरे दिन
आज का अशुभ समय:
राहुकाल: 01:39 पी एम से 03:08 पी एम
यमगण्ड: 06:15 ए एम से 07:43 ए एम
गुलिक काल: 09:12 ए एम से 10:41 ए एम
विडाल योग: 06:15 ए एम से 10:52 ए एम
वर्ज्य: 01:16 पी एम से 02:54 पी एम
दुर्मुहूर्त: 10:12 ए एम से 10:59 ए एम
बाण चोर: 09:25 ए एम से पूर्ण रात्रि तक
सम्वत और चंद्रमास:
आज 29 सितंबर 2025 को विश्वावसु (1947) शक सम्वत रहेगा, जबकि विक्रम संवत कालयुक्त (2082) रहेगा। गुजराती सम्वत 2081 नल रहेगा। चन्द्रमास आश्विन पूर्णिमान्त और आश्विन अमान्त है।
नवग्रहों की स्थिति:
शनि ग्रह मीन राशि में, राहु ग्रह कुंभ में, चंद्र ग्रह मकर में, मंगल ग्रह तुला में, बुध ग्रह और सूर्य ग्रह कन्या राशि में, केतु ग्रह और शुक्र ग्रह सिंह में और गुरु ग्रह मिथुन राशि में विराजमान रहेंगे। ग्रहों की स्थिति का आपके जीवन पर प्रभाव पड़ता है, इसलिए इनके अनुसार उपाय करना लाभकारी हो सकता है।
हमें उम्मीद है कि यह पंचांग आपको आपके शुभ कार्यों के लिए शुभ मुहूर्त चुनने में मदद करेगा। भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की कृपा आप पर बनी रहे।
